मौसम में आ रहे इन बदलावों की जानकारी, प्रभाव और उससे निबटने को लेकर जो रिपोर्ट अभी तक आई है, उसे गंभीरता से लेने की जरुरत है. ग्लोबल वार्मिंग को लेकर हमारी जानकारिय तो काफी बढ़ी है, फिर भी अपेषित जागरूकता न तो शासकीय स्तर पर है और न ही आम लोगो में चेतना आई है. विभिन्न देशों के शीर्ष राजनैतिक स्तर पर तो इसे लेकर हमेशा ही कहा जाता रहा है की हम इसमें सबसे ज्यदा जागरूक है. पर यह भी एक सच्चाई है की विकसित देश ही पर्यावरण को बिगड़ने के लिए और सब देशो से कई गुना ज्यदा जिम्मेदार है.

AISA NAHI HAI KI PRYAVARN KE DUSIT HONE ME SIRF VIKASSHIL DESH HI JIMMEDAAR HAI.ISKE LIYE HUM-SAB LOG BARABAR SE JIMMEDAR HAIN.......DESH KO AAGE BADANE KE LIYE VIKAS KA BHI HONA BAHUT HI JYADA JARURI HAI.....
ReplyDeleteOR GLOBAL WARMING KE KARAN MOUSAM KE BADLTE RUKH KE LIYE HUM-SAB LOGO KO GAMBHIRTA KE SATH JAGRUK HONE KI JARURT HAI QKI SIRF HALLA MARNE SE GLOBAL WARMING RUKNE WALI NAHI..........